संतनगर की चौपाल
रितेश कुमार, भोपाल डाॅट कॉम मिल गए तो कर डाली बैठक तय कर लिया महोत्सव एक धार्मिक आयोजन की रूपरेखा तय करने के लिए बैठक बुलाने का अंदाज चर्चाओं में है। न समय तय किया, न तारीख। बस जब मिल गए तो मन हो गया बैठक करने का। कहा चलो यार बैठक कर लेते हैं।…