Headlines

मध्य प्रदेश में मानसून की दस्तक: प्रदेश भर में भारी बारिश का अलर्ट, जानें अपने जिले का हाल

मध्य प्रदेश में मानसून की दस्तक: प्रदेश भर में भारी बारिश का अलर्ट, जानें अपने जिले का हाल
👁️ 22 Views

भोपाल. डिजिटल डेस्क
BDC NEWS |
bhopalonline.org

मध्य प्रदेश में मानसून का आगमन इस वर्ष 9 दिन की देरी से 24 जून को हुआ था, लेकिन इसके बाद मानसून ने तेजी दिखाई। गुरुवार तक यह मानसून उज्जैन, ग्वालियर और चंबल संभागों तक पहुँच गया, जिससे अब पूरे मध्य प्रदेश में मानसून की सक्रियता दर्ज की गई है। हालांकि, जून के महीने में हुई कम बारिश के कारण प्रदेश के 38 जिलों में अभी भी सामान्य से कम वर्षा हुई है। अब तक राज्य में कुल 113.1 मिमी (4.5 इंच) बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य 147.7 मिमी (5.9 इंच) से 23% कम है।

खंडवा और हरदा में ‘रेड अलर्ट’, अति भारी बारिश की चेतावनी

मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार, अगले 4 दिनों (6 जुलाई तक) तक प्रदेश में झमाझम बारिश का दौर जारी रहेगा। सीजन में पहली बार मौसम विभाग ने ‘रेड अलर्ट’ जारी किया है। शुक्रवार को खंडवा और हरदा जिले में अति भारी बारिश की संभावना है, जहां अगले 24 घंटों में 4 से 8 इंच तक पानी बरस सकता है। इसके अलावा धार, बड़वानी, खरगोन, देवास, बुरहानपुर और बैतूल में भी अति भारी बारिश को लेकर चेतावनी दी गई है।

इन जिलों में भारी बारिश का अनुमान

रेड अलर्ट वाले जिलों के अलावा, प्रदेश के कई अन्य हिस्सों में भी भारी बारिश की संभावना है। रतलाम, उज्जैन, राजगढ़, रायसेन, नर्मदापुरम, सागर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, डिंडौरी और अनूपपुर में भारी बारिश का अलर्ट है। साथ ही, भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, मुरैना, रीवा और जबलपुर सहित अन्य 30 से अधिक जिलों में आंधी के साथ हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहेगा।

गुरुवार को दिखा बारिश का रौद्र रूप

गुरुवार को प्रदेश के 15 से अधिक जिलों में तेज बारिश ने जनजीवन प्रभावित किया। सतना में भारी आंधी के कारण महारानी लक्ष्मी बाई गर्ल्स स्कूल परिसर में एक विशाल पेड़ गिर गया, जिसमें दो युवतियां दब गईं और कई वाहनों को नुकसान पहुँचा। वहीं, दमोह में सड़कों पर बाढ़ जैसे हालात बन गए, जबकि भोपाल में तेज बारिश के कारण दृश्यता कम हो गई और कोहरे जैसा माहौल छा गया। छतरपुर के जटाशंकर धाम में भी इस सीजन की पहली जोरदार बारिश दर्ज की गई।

बारिश के आंकड़े: पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश की स्थिति

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, मध्य प्रदेश में अब तक हुई कुल बारिश में क्षेत्रीय अंतर है। पश्चिमी मध्य प्रदेश में स्थिति बेहतर है, जहां सामान्य से केवल 1% कम बारिश हुई है, जबकि पूर्वी मध्य प्रदेश में अभी भी 48% बारिश की कमी बनी हुई है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि आने वाले दिनों की सक्रिय बारिश इस कमी को काफी हद तक पूरा कर देगी।

भोपाल जिले का मौसम का मिजाज

bhopal

भोपाल, मध्य प्रदेश में आज, शुक्रवार, 3 जुलाई 2026 को तापमान 27°C है और मौसम बादल छाए रहने (cloudy) का है। दिन के दौरान भारी गरज के साथ बारिश (heavy thunderstorm) की संभावना है, जिसका अधिकतम तापमान 28°C और न्यूनतम तापमान 24°C रहने का अनुमान है।

हिमाचल और उत्तराखंड में भूस्खलन का कहर

हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले के चोलिंग में भारी बारिश के बाद हुए भूस्खलन से नेशनल हाईवे पूरी तरह बाधित हो गया है, जहाँ मलबे में दो गाड़ियाँ दब गई हैं। राज्य में फिलहाल 49 सड़कें बंद हैं। वहीं, उत्तराखंड में भी स्थिति गंभीर बनी हुई है; रुद्रप्रयाग और चमोली समेत कई जिलों में लैंडस्लाइड के कारण सड़कों का संपर्क टूट चुका है। बद्रीनाथ और केदारनाथ हाईवे पर लगातार पत्थर गिरने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से केदारनाथ यात्रा को फिलहाल रोक दिया गया है।

उत्तर प्रदेश और गुजरात में जलभराव

उत्तर प्रदेश के कई शहरों में शुक्रवार सुबह 3 बजे से हो रही मूसलाधार बारिश के कारण आम जनजीवन प्रभावित हुआ है। लखनऊ, बाराबंकी, उन्नाव और जालौन समेत पांच प्रमुख शहरों में जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है, जहाँ पानी घरों के अंदर तक घुस गया है। उधर, गुजरात के वलसाड में भी बारिश ने कहर बरपाया है, जहाँ मुख्य सड़कें पानी में डूब गई हैं और गाड़ियाँ बीच रास्ते में ही बंद पड़ गई हैं।

राजस्थान की स्थिति

राजस्थान की राजधानी जयपुर में पिछले 2 दिनों से रुक-रुक कर बारिश का दौर जारी है, और कोटा, बारां व झालावाड़ के लिए तेज बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।



Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *