नई दिल्ली. BDC News/bhopalonline.org
केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) के गठन के करीब 86 दिनों के लंबे इंतजार के बाद अब आयोग की गतिविधियों ने रफ्तार पकड़ ली है। सरकार ने आयोग के लिए दिल्ली में कार्यालय का आवंटन कर दिया है, जिससे अब वेतन वृद्धि और भत्तों से जुड़ी फाइलों पर काम शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।
दिल्ली के जनपथ पर होगा नया ठिकाना
केंद्र सरकार ने 8वें वेतन आयोग की टीम के लिए नई दिल्ली के जनपथ स्थित चंद्रलोक बिल्डिंग में ऑफिस स्पेस आवंटित किया है। इस कार्यालय के पूरी तरह से फंक्शनल होते ही आयोग केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी, भत्ते और सेवा शर्तों की समीक्षा का औपचारिक काम शुरू कर देगा।
25 फरवरी 2026: ड्राफ्टिंग कमेटी की अहम बैठक
आयोग को ऑफिस मिलने के साथ ही कर्मचारी संगठनों ने भी अपनी तैयारी तेज कर दी है। नेशनल काउंसिल (JCM) स्टाफ साइड ने कॉमन मेमोरेंडम तैयार करने के लिए 25 फरवरी 2026 को सुबह 10:30 बजे एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई है।
- स्थान: 13-सी, फिरोजशाह रोड, नई दिल्ली।
- मंथन की अवधि: ड्राफ्टिंग कमेटी के सदस्यों को एक हफ्ते तक दिल्ली में रुकने के निर्देश दिए गए हैं।
- मुख्य उद्देश्य: वेतन (Salary), पेंशन (Pension), प्रमोशन (Promotion) और अन्य सेवा शर्तों पर ठोस प्रस्ताव तैयार करना।
मेमोरेंडम में क्या होगा खास?
NC-JCM द्वारा तैयार किए जाने वाले इस मेमोरेंडम में कर्मचारियों की मांगें शामिल होंगी, जिन्हें सीधे 8वें वेतन आयोग को सौंपा जाएगा। इसमें मुख्य रूप से फिटमेंट फैक्टर, न्यूनतम वेतन में वृद्धि और रिटायरमेंट के बाद मिलने वाली सुविधाओं पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।
कर्मचारियों के लिए इसके क्या मायने हैं?
आयोग को ऑफिस मिलना और ड्राफ्टिंग कमेटी की बैठक का होना इस बात का प्रमाण है कि 8वां वेतन आयोग अब कागजी प्रक्रियाओं से बाहर निकलकर धरातल पर आ गया है। आने वाले समय में यह बैठक तय करेगी कि 50 लाख से अधिक केंद्रीय कर्मचारियों और 65 लाख से अधिक पेंशनभोगियों की जेब में कितनी बढ़ोतरी होगी।